अपने बच्चे के लिए चुनें बेस्ट स्कूल
अप्रैल का महीना आ चुका है। कुछ बच्चे अपने-अपने एग्जाम देकर फ्री हो चुके हैं, तो कुछ बच्चे अपने एग्जाम की तैयारी कर रहे...
Internet: इंटरनेट… बुरी है ये लत
इंटरनेट... Internet बुरी है ये लत
आधुनिक समय में अधिकतर कार्य अब आॅनलाइन सिस्टम से जुड़ गए हैं। यही वजह है कि आज इंटरनेट के...
सच्चा शिक्षक
सच्चा शिक्षक शहर के प्राथमिक विद्यालय में एक शिक्षिका थीं। उनका नाम मिस मंजू था। वह प्रतिदिन क्लास में घुसते ही मुस्कुराकर सभी बच्चों...
Mudra scheme: मुद्रा योजना से युवा संवार रहे अपनी तकदीर
मुद्रा योजना के तहत बिना गारंटी के लोन मिलता है। इसके अलावा लोन के लिए कोई प्रोसेसिंग चार्ज भी नहीं लिया जाता है। मुद्रा योजना में लोन चुकाने की अवधि को 5 साल तक बढ़ाया जा सकता है। लोन लेने वाले को एक मुद्रा कार्ड मिलता है, जिसकी मदद से कारोबारी जरूरत पर आने वाला खर्च किया जा सकता है। Mudra scheme
New Admission: नए दाखिले से पहले की तैयारी
नए दाखिले से पहले की तैयारी New Admission
बचपन की पहली पाठशाला घर होती है, लेकिन जब बच्चे को औपचारिक शिक्षा की ओर पहला कदम...
Prepare Exam with confidence: अत्मविश्वास के साथ करें एग्जाम की तैयारी
आमतौर पर देखने को मिलता है कि बच्चे की परीक्षाएं आने पर ही बच्चे और अभिभावकों को पढ़ना व पढ़ाना याद आता है। परीक्षा आते ही अभिभावक बच्चे को सारा-सारा दिन पढ़ाने बैठ जाते हैं और बच्चे पर भी पढ़ाई का बहुत अधिक बोझ पड़ जाता है जिससे बच्चे परीक्षा को भूत समझने लगते हैं और उसे हौवा मानकर उसके नाम से भी चिढ़ते हैं।
Alcheringa Fest आईआईटी गुवाहाटी में सजेगा अल्चेरिंगा का 29वां सांस्कृतिक महाकुंभ
Alcheringa Fest आईआईटी गुवाहाटी में सजेगा अल्चेरिंगा का 29वां सांस्कृतिक महाकुंभ
पूर्वोत्तर भारत के सबसे प्रतिष्ठित सांस्कृतिक महोत्सवों में से एक, आईआईटी गुवाहाटी का अल्चेरिंगा...
Unique identity: बनाएं अपनी विशिष्ट पहचान
बनाएं अपनी विशिष्ट पहचान
समान योग्यता के प्रतिस्पर्धी आपसे पिछड़ सकते हैं बशर्ते अपने पक्ष को आप सुंदर तरीके से सहजता और शालीनता से रखें।...
बॉस बनना है तो अपनाएं ये सात आदतें
बॉस बनना है तो अपनाएं ये सात आदतें
सामान्य तौर पर यह माना जाता है कि बॉस का काम होता है अपनी टीम को मैनेज...
Mudra scheme: मुद्रा लोन लेकर लिखी सफलता की इबारत
कुछ कर लूं, कुछ कमा लूं और कुछ दूसरे को दे दूं-असम में रंगिया के रहने वाले हृदय डेका की यही तमन्ना थी। मुद्रा लोन ने इनकी ये तमन्ना पूरी कर दी। 2015 से पहले एक छोटी सी मिठाई की दुकान चलाने वाले हृदय डेका ने स्टेट बैंक आॅफ इंडिया से 50 हजार का मुद्रा लोन लिया और अपनी दुकान डेका स्वीट को विस्तार दिया।















































































