विचारशील व्यक्ति ही प्रशंसा का पात्र है
विचारशील व्यक्ति ही प्रशंसा का पात्र है -क्या सही है और क्या गलत, इसका फैसला करना बहुत कठिन होता है। एक ही कार्य किसी...
life back on track: पैर कटे, पर जीवन को फिर पटरी पर ले आए...
जिंदगी में हमारी अगर दुश्वारियां ना होती तो लोगों को हमपे यूं हैरानियां ना होती। यह बात उस इंसान पर सटीक बैठती है, जिसने एक ट्रेन हादसे में अपने दोनों पैर गंवा दिये। इतनी अधिक शारीरिक अक्षमता के बाद भी उसने जीवन को नये सिरे से शुरू किया। आज वह बिना पांव के न केवल शरीर का बेहतर बैलेंस बनाकर रखता है,
सरकारी योजना : मृदा स्वास्थ्य कार्ड योजना Soil health card scheme
सरकारी योजना : मृदा स्वास्थ्य कार्ड योजना किसानों की आज की आवश्यकता
Soil Health Card Scheme in Hindi: मृदा स्वास्थ्य कार्ड योजना, साल फरवरी 2015...
मनभावन सर्द रुत का लें आनन्द
मनभावन सर्द रुत का लें आनन्द
सर्दी का मौसम, यानी जी भर कर खाने का मौसम, चैटिंग, गप्पबाजी करने का मौसम और कपड़े पहनने का...
Rivers: जीवनदायिनी नदियां
life giving rivers जीवनदायिनी नदियां नदियां प्राचीन काल से ही माँ की तरह इन्सान ही नहीं, अपितु प्रकृति के हर जीव-जंतु का भरण-पोषण करती...
Dussehra: साहस औरसंकल्प का महापर्व विजयादशमी
साहस औरसंकल्प का महापर्व विजयादशमी Dussehra शहरों, कस्बों और गांवों में रावण के पुतलों को जलाने की तैयारियां कई दिन पहले शुरु हो जाती...
Punjab: पंजाब की शान बना यह गाँव बल्ले में बेटियों का सम्मान बल्ले-बल्ले
पंजाब की शान बना यह गाँव बल्ले में बेटियों का सम्मान बल्ले-बल्ले
जीआईआई के लिंगानुपात के आंकड़ों पर गौर करें तो भारत में पिछले 5...
न्यूजीलैंड के सेवादारों ने कंटेनरों में भेजी राहत सामग्री -टोंगा आइलैंड त्रासदी
न्यूजीलैंड के सेवादारों ने कंटेनरों में भेजी राहत सामग्री -टोंगा आइलैंड त्रासदी
आॅकलैंड/न्यूजीलैंड (रंजीत इन्सां)। गत माह टोंगा आइलैंड पर फटे ज्वालामुखी के कारण सुनामी...
किसान क्रेडिट कार्ड: कम ब्याज दर और सब्सिडी का उठाएं लाभ
किसान क्रेडिट कार्ड: कम ब्याज दर और सब्सिडी का उठाएं लाभ kisan credit card
किसानों को आर्थिक मदद देने के लिए किसान क्रेडिट कार्ड योजना...
आजादी की सहमी-सहमी दास्तां | India Independence Day
आजादी की सहमी-सहमी दास्तां India Independence Day
सदियों से भारत अंग्रेजों की दासता में था, उनके अत्याचार से जन-जन त्रस्त था। खुली फिज़ा में सांस...















































































