Dera Sacha Sauda डेरा सच्चा सौदा थैलेसीमिया पीड़ितों के लिए किया रक्तदान
थैलेसीमिया से पीड़ित व्यक्ति का दर्द शारीरिक और मानसिक दोनों ही रूपों में बहुत गहरा और आघात देने वाला होता है। शारीरिक कमजोरी, बार-बार खून चढ़ाना और हड्डियों का दर्द पीड़ित ही नहीं, उसके परिवार के हौंसलों को भी कमजोर कर देता है।
पीड़ा के ऐसे दौर से गुज़रने वाले थैलेसीमिया मरीजों के लिए डेरा सच्चा सौदा अब लाइफलाइन बनकर सामने आया है। दरअसल, थैलेसीमिया मरीज को नियमति रक्त की जरूरत पड़ती है, जिसकी व्यवस्था करना अपने आप में चुनौतीपूर्ण कार्य है। डेरा सच्चा सौदा ने इस चुनौती को सेवा के अवसर में बदलते हुए ऐसे पीड़ित लोगों के लिए नियमित रक्तदान करने का संकल्प लिया है।
विगत 2 अगस्त को एमएसजी डेरा सच्चा सौदा व मानवता भलाई केन्द्र शाह सतनाम जी नूरानी धाम, पटियाला (पंजाब) में थैलेसीमिया पीड़ित बच्चों के लिए विशेषतौर पर रक्तदान शिविर लगाया गया जिसमें सरकारी राजेन्द्रा अस्पताल के ब्लड बैंक की टीम ने 269 यूनिट रक्त एकत्रित किया।
बता दें कि इससे पहले 14 जून को भी यहाँ थैलेसीमिया पीड़ितों के लिए कैंप आयोजित हुआ था जिसमें सेवादारों ने 304 यूनिट, उसके बाद राजेन्द्रा अस्पताल में आपातकालीन आवश्यकता के समय 28 यूनिट रक्तदान किया था। इस मौकै पर पहुंची समाजसेवी सतिन्द्रपाल कौर वालिया, समाजसेवी एवं अवार्डी परमिन्द्र भलवान और जतविन्द्र ग्रेवाल ने भी सेवा कार्यों की सराहना की।

–पूज्य गुरु संत डॉ. एमएसजी
पहले थैलेसीमिया पीड़ित बच्चों के लिए रक्त एकत्रित करना बड़ी चिंता का विषय होता था, लेकिन पिछले दो माह से पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां द्वारा इन बच्चों को अपनाने के बाद यह चिंता पूरी तरह से खत्म हो गई है क्योंकि डेरा सच्चा सौदा के श्रद्धालु नियमित रूप से उनके लिए रक्तदान कर रहे हैं।
-विजय पाहवा, अध्यक्ष, थैलेसीमिया चिल्ड्रन वैलफेयर एसोसिएशन।
मैं सेवादारों के रक्तदान के प्रति समर्पण और उत्साह से बेहद प्रभावित हूँ। यहांँ बिना समय गंवाए सैकड़ों श्रद्धालु रक्तदान के लिए लाईनों में आकर खड़े हो जाते हैं। राजेन्द्रा अस्पताल में 250 से अधिक थैलेसीमिया पीड़ित बच्चों को नियमित रक्त की आवश्यकता रहती है, किंतु डेरा सच्चा सौदा के सेवादारों ने कभी रक्त की कमी महसूस नहीं होने दी।
-डॉ. सुखविंद्र सिंह, प्रभारी ब्लॅड बैंक राजेंद्रा अस्पताल, पटियाला।
सेवादारों की प्रशंसा के लिए शब्द कम पड़ जाते हैं: डॉ. कौर
लुधियाना के डेरा श्रद्धालुओं द्वारा 3 अगस्त को सिविल अस्पताल के ब्लड बैंक में पहुंचकर थैलेसीमिया से पीड़ित मासूम बच्चों के लिए लगभग 29 यूनिट रक्तदान किया गया। ब्लॅड बैंक की इंचार्ज डॉ. अमनप्रीत कौर ने इस सेवा भावना की खूब प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि रक्तदान महान सेवा है। हमारे यहां मरीजों की संख्या अधिक होने के कारण रक्त की भारी कमी रहती है। हमें मजबूरी में थैलेसीमिया पीड़ित कुछ बच्चों को वापस भेजना पड़ा था।
बहुत कम समय के नोटिस के बावजूद डेरा सच्चा सौदा की टीम के 25 से 30 रक्तदाता तुरंत ब्लड बैंक पहुंच गए। इन्हें शिक्षा देने वाले जरूर ही बेस्ट मोटिवेशनलिस्ट होंगे। इस दौरान 33वीं बार रक्तदान करने पहुंचे लखविंदर सिंह ने कहा कि वे कई वर्षों से नियमित रक्तदान कर रहे हैं। मानवता की सेवा करके उन्हें आत्मिक खुशी मिलती है।
































































