बेटा! दस साल के लिए तेरे पास हैं तेरे पापा। -सत्संगियों के अनुभव
पूज्य हजूर पिता संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां का रहमो-करम
मैं कमलजीत कौर इन्सां (सुजान बहन) पत्नी दवेन्द्र सिंह ब्लाक मोहाली, जिला...
बेटा, तुम्हारे घर खुशियां आएंगी’ -सत्संगियों के अनुभव
बेटा, तुम्हारे घर खुशियां आएंगी’ -सत्संगियों के अनुभव -पूज्य हजूर पिता संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां की अपार रहमत
प्रेमी फूलचंद इन्सां...
Experiences of Satsangis सतगुरु जी ने अपने शिष्य व उसके पिता की मदद की
सत्संगियों के अनुभव Experiences of Satsangis
पूजनीय परमपिता शाह सतनाम सिंह जी महाराज की अपार रहमत
सतगुरु जी ने अपने शिष्य व उसके पिता की मदद...
तू तां उन्हां दे मुंह धोंदी ही नी थकेंगी -सत्संगियों के अनुभव
तू तां उन्हां दे मुंह धोंदी ही नी थकेंगी -सत्संगियों के अनुभव - पूजनीय परमपिता शाह सतनाम सिंह जी महाराज ने की अपार रहमत
प्रेमी...
हुण तू तक्कड़ी हो जा! -सत्संगियों के अनुभव
... हुण तू तक्कड़ी हो जा! -सत्संगियों के अनुभव
पूजनीय परमपिता शाह सतनाम सिंह जी महाराज की दया-मेहर
बहन बलजीत कौर इन्सां सुपुत्री सचखंडवासी नायब सिंह...
दोबारा नाम-शब्द लेने वालों को ऐसे बाहर भेजा
दोबारा नाम-शब्द लेने वालों को ऐसे बाहर भेजा
सत्संगियों के अनुभव
पूजनीय बेपरवाह सार्इं शाह मस्ताना जी महाराज की कृपा-दृष्टि
ज्ञानी करतार सिंह गांव रामपुर थेड़ी(सरसा) से...
हम आपके गांव में सत्संग करेंगे, पूरे लाम-लश्कर के साथ आएंगे। -सत्संगियों के अनुभव
‘हम आपके गांव में सत्संग करेंगे, पूरे लाम-लश्कर के साथ आएंगे। -सत्संगियों के अनुभव
पूजनीय सार्इं शाह मस्ताना जी महाराज का रहमो-करम
बुजुर्ग प्रेमी मिस्त्री भंवरलाल...
भयानक कर्म भी कट जाते हैं।
मेरा लड़का हरजिन्द्र सिंह उम्र 35 वर्ष मोटरसाइकिल पर गाँव से पीलीबंगा आ रहा था। अचानक उसकी आँख में मच्छर वगैरा कुछ पड़ गया। वह आँख मसलने लगा तो मोटर साईकिल का बैलेंस बिगड़ गया और वह पक्की सड़क पर जोर से गिर पड़ा। उसी समय मेरे पास पीलीबंगा से फोन आया कि आपके लड़के हरजिन्द्र का एक्सीडैंट हो गया है।
भाई। बहुत अच्छी जगह गया है… -सत्संगियों के अनुभव
भाई। बहुत अच्छी जगह गया है... -सत्संगियों के अनुभव
पूजनीय परमपिता शाह सतनाम सिंह जी महाराज की अपार रहमत
प्रेमी छोटा सिंह इन्सां पुत्र सचखंडवासी स....
आसमां से बरसते बम्बों में भी संभाल की -सत्संगियों के अनुभव
आसमां से बरसते बम्बों में भी संभाल की -सत्संगियों के अनुभव
पूज्य हजूर पिता संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां की अपार रहमत
फौजी...












































































